राजयोग ध्यान ऐसी विद्या जो मनुष्य को अंदर से बनाती है मूल्यवान: वसुधा


चरखी दादरी | आध्यात्मिकता मन के तनाव को दूर कर शांति के मार्ग पर ले जाती है। यह उद्गार झोझू कलां शाखा में आयोजित स्नेह मिलन कार्यक्रम में क्षेत्र की प्रभारी राजयोगिनी ब्रह्माकुमारी वसुधा बहन ने व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि जीवन को सफल बनाने के लिए हर व्यक्ति को सहजता, सरलता, नम्रता और धैर्यता के गुणों को धारण करना चाहिए जिससे ही हम घर, परिवार व समाज में सुख, शांति, आनंद व सौहार्द का वातावरण बना सकते हैं। ब्रह्माकुमारी वसुधा ने कहा की वर्तमान समय बढ़ते तनाव और निराशा में आध्यात्मिकता ज्ञान अमृत के समान है जिससे ही जीवन में दिव्यता आ सकती हैं। बहन वसुधा ने तनाव मुक्त जीवन जीने के लिए राजयोग मेडिटेशन को जीवन की दिनचर्या में शामिल करने के लिए कहा। क्योंकि मेडिटेशन से हम अपने कर्म इंद्रियों पर नियंत्रण कर सकारात्मक दिशा में लगा
सकते हैं।

उन्होंने मातृशक्ति को संबोधित करते हुए कहा कि हमें सामाजिक कुरीतियों को मिटाने के साथ-साथ आध्यात्मिक मूल्यों को जीवन में धारण कर स्वयं को अंदर से सशक्त बनाने की आवश्यकता है जिससे ही हम अपने गृहस्थ जीवन को सुखमय बना सकते हैं। ब्रह्माकुमारी ज्योति बहन ने कहा की नारी शक्ति से ही विश्व का परिवर्तन संभव है राजयोग ध्यान एक ऐसी विद्या है जो मनुष्य को अंदर से मूल्यवान बना देती है।



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